नागौर: जिले के अलतवा गांव में सोमवार सुबह कपड़े की बंद दुकान में भीषण आग लग गई। जब दुकान मालिक की पत्नी दुकान खोलने के लिए शटर उठाया तो अंदर आग की लपटें दिखाई दीं। वह घबराकर दूर भागी और मदद के लिए जोर-जोर से चिल्लाने लगी। दुकान से निकल रही आग की लपटें विकराल रूप ले चुकी थी कि किसी की भी दुकान के नजदीक जाने की हिम्मत ही नहीं हुई।
इस दौरान आसपास के लोगों ने कड़ी मशक्कत कर करीब 2 घंटों बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक दुकान में रखा करीब 30 लाख रुपए का माल जलकर राख हो गया। गच्छीपुरा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गच्छीपुरा पुलिस ने बताया कि थाना क्षेत्र के अलतवा गांव में नंदूराम प्रजापत और उसकी पत्नी रेखा प्रजापत की एक कपड़े की दुकान है। सुबह जब रेखा दुकान खोलने पहुंची और शटर उठाया तो अंदर भयंकर आग की लपटें देखी। इससे घबराकर वो दूर भागी और मदद के लिए चिल्लाने लगी।
दुकान में फैंसी और कांच के आइटम भी रखे थे। कांच के सामान में गैस भरने से बार-बार धमाके होते रहे। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के सहयोग से आग पर काबू पाया। तब तक अंदर दुकान में लाखों का सामान जलकर राख हो गया। पीड़ित नंदूराम की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
फायर ब्रिगेड नहीं पहुंची तो लोगो ने टैंकरों से दुकान की आग बुझाई
आग की इस घटना के दौरान मौके पर फायर ब्रिगेड की भी भारी कमी खली। आग इतनी भयंकर थी कि लोगों की दुकान के पास जाने की हिम्मत नहीं हो पा रही थी। बाल्टियों से आग बुझाना संभव नहीं था। बार-बार प्रशासन को फायर ब्रिगेड के लिए फोन किए गए, लेकिन काफी देर तक दमकल नहीं आई। जब कोई सरकारी मदद नहीं पहुंची तो लोगों ने निजी टैंकर और अपने पानी के हौद में मोटर लगाकर कड़ी मशक्कत से आग पर काबू पाया।

