देहरादून: उत्तराखंड में भारी बारिश के कहर के चलते हालात बेहद खराब हो गए हैं। यहां मंगलवार को 11 और लोगों की मौत हो गई। सबसे ज्यादा कुमाऊं क्षेत्र प्रभावित है, जहां कई मकान जमींदोज हो गए हैं और मलबे में कई लोग दबे हुए हैं। नैनीताल का संपर्क राज्य के बाकी हिस्सों से कट गया है। यहां तक आने वाली तीनों सड़कें भूस्खलन के चलते ब्लॉक हो गई हैं। वहीं भारी बारिश के चलते नैनीताल जिले में काठगोदाम रेलवे स्टेशन को जोड़ने वाली रेलवे लाइन भी बह गई है।
CM का बाढ़ प्रभावित इलाकों में हवाई दौरा
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बताया कि जल्द ही सेना के हेलिकॉप्टर यहां मदद और राहत पहुंचाने के लिए पहुंच जाएंगे। इनमें से दो हेलिकॉप्टरों को नैनीताल और एक को गढ़वाल भेजा जाएगा। CM ने लोगों से आग्रह किया कि वे घबराएं नहीं, उनकी सुरक्षा के सभी कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने चारधाम यात्रियों से अपील की कि वे जहां हैं, वहीं रुक जाएं और मौसम साफ होने के बाद ही यात्रा को दोबारा शुरू करें। मंगलवार दोपहर मुख्यमंत्री ने भारी बारिश से प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया। बाद में उन्होंने रुद्रप्रयाग पहुंचकर नुकसान के आकलन की समीक्षा भी की। उनके साथ राज्य के मंत्री धन सिंह रावत और राज्य के DGP अशोक कुमार भी थे।
सुरक्षाबल के जवान तेज बहाव में रेस्क्यू करते हुए
इंडियन यूथ कांग्रेस के नेशनल प्रेसिडेंट श्रीनिवास ने एक वीडियो ट्वीट किया, जिसमें उत्तराखंड के नैनीताल में पानी के तेज बहाव के बीच सुरक्षाबल के जवान लोगों का रेस्क्यू कर रहे हैं। सैनिकों ने ह्यूमन चेन बनाकर एक दुकान से लोगों को रेस्क्यू किया।
Salute these Bravehearts ❤️???#Nainital #Uttrakhand pic.twitter.com/ZdO5Fxvp3p
— Srinivas BV (@srinivasiyc) October 19, 2021
हल्द्वानी में गौला नदी पर बना पुल बारिश के चलते दरक गया है। पुल के बीचोबीच गड्ढा बन गया। पुल के एक छोर पर खड़े लोगों ने दूसरे छोर से आ रहे बाइक सवार को इस बारे में अलर्ट किया। तब मोटरसाइकिल सवार वापस मुड़ा।
नैनीताल में नैनी झील के पास माल रोड और नंदा देवी मंदिर में पानी भर गया है, यहां एक होस्टल बिल्डिंग को काफी नुकसान पहुंचा है। वहीं ऊधम सिंह नगर में नानक सागर बांध के सभी गेट खोल दिए गए हैं।
SDRF दे रहा रेस्क्यू मिशन को अंजाम
स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (SDRF) राज्य में रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दे रही है। टीम ने सोमवार रात राज्य में अलग-अलग जगहों पर ऑपरेशन करके 50 से ज्यादा लोगों को रेस्क्यू किया। इनमें केदारनाथ मंदिर से लौट रहे श्रद्धालु भी शामिल हैं जो रास्ते में फंस गए थे। उत्तराखंड पुलिस के साथ मिलकर SDRF ने सोमवार को केदारनाथ से लौट रहे 22 श्रद्धालुओं को बचाया, जो जंगल में फंसे हुए थे। टीम ने चार मजदूरों को भी बचाया, जो मलबे में दबे थे।
#WATCH | Uttarakhand: SDRF & Police y’day rescued around 22 devotees stuck at Jungle Chatti amid incessant rainfall, while coming back from Kedarnath Temple. They were shifted to Gauri Kund. One 55-yr-old devotee, who was facing difficulty in walking, was shifted on a stretcher. pic.twitter.com/lVkFFHS8Dj
— ANI (@ANI) October 19, 2021
