जैसलमेर: जैसलमेर में राज्यसभा की पर्यटन,परिवहन और कला संस्कृति संबंधी स्थायी समिति के 22 सदस्यों ने जैसलमेर की विभिन्न जगहों का दौरा किया। वॉर म्यूजियम, सोनार किला, पटवा हवेली आदि का दौरा कर पर्यटन से जुड़े लोगों से बातचीत भी की। जैसलमेर के ऐतिहासिक स्थलों का दौरा करने के दौरान वे इससे काफी प्रभावित भी हुए। समिति के सदस्यों ने जैसलमेर के विभिन्न दर्शनीय स्थलों के साथ-साथ भारत माला सड़क परियोजना का दौरा किया। उन्होने सोनार किले में ऐतिहासिक इमारतों के बीच झूलते तारों को लेकर नाराजगी जाहिर की। उन्होने इसको भूमिगत करने पर ज़ोर दिया। वहीं भारत माला प्रोजेक्ट को अविस्मरणीय प्रोजेक्ट बताते हुए इसको देश के लिए बहुत ही बड़ी उपलब्धि बताया। दो दिनों के दौरे के बाद सोमवार को कमेटी जैसलमेर से जोधपुर के लिए रवाना हो गए।
समिति के अध्यक्ष टीजी वैंकटेश की अगुआई में आई समिति ने सोमवार को NHAI के अधिकारियों के साथ बैठक कर भारत माला परियोजना व परिवहन के संबंध में बैठक की। वहीं जैसलमेर-बाड़मेर के सीमावर्ती क्षेत्र में भारत माला परियोजना के तहत करवाए गए सड़क निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। इसी तरह से समिति संबंधित लोगों से पर्यटन, परिवहन और कला संस्कृति से जुड़े मुद्दों पर विचार विमर्श किया। उन्होंने सोनार किले पर झूलते तारों की समस्या पर गौर किया। उन्होंने इसे भूमिगत करने पर जोर दिया। साथ ही उन्होंने कहा कि कोरोना की वजह से दुनिया में घूमने जाने वाले पर्यटक अब इंडिया आने लगे हैं, जिससे पर्यटन को काफी फायदा हो रहा है और भारत सरकार इसको लेकर गंभीर भी है।

