जयपुर : महाराणा प्रताप की जयंती के अवसर पर मूर्तिकार महावीर भारती द्वारा बनाई गई वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की चेतक सवार 12.6 फिट अष्ठधातु की भव्य प्रतिमा को आज अयोध्या में स्थापित करने के लिए रवाना किया गया। इस अवसर पर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा कि राजस्थान की धरती का सौभाग्य है कि अब छोटी काशी जयपुर के शिल्पकार द्वारा हस्तनिर्मित अष्ट धातु युक्त महाराणा प्रताप की भव्य प्रतिमा श्रीराम की नगरी अयोध्या में स्थापित होगी। उन्होंने शिल्पकार महावीर भारती और उनकी पूरी टीम को शुभकामनाएं दी और कहा कि शक्ति एवं भक्ति की धरती राजस्थान की वीर गाथाएं जो हल्दीघाटी में गूंजती हैं वह अब अयोध्या में भी प्रेरणा देगी।

सांसद राजसमंद दिया कुमारी ने कहा कि सूर्यवंशी महाराणा प्रताप की प्रतिमा सूर्यवंशियो कि नगरी अयोध्या में स्थापित होने जा रही है यह सौभाग्य और गर्व की बात है इससे अयोध्या का भी मान बढ़ेगा। पूनिया और दिया कुमारी ने पुष्पांजलि अर्पित कर प्रतिमा को अयोध्या के लिए रवाना किया। प्रतिमा के रवाना होने से पहले भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेशाध्यक्ष हिमांशु शर्मा, भाजपा प्रदेश मंत्री अशोक सैनी भादरा, पूर्व युवा मोर्चा उपाध्यक्ष अभिमन्यु सिंह राजवी, बाल आयोग की पूर्व अध्यक्ष मनन चतुर्वेदी, ललितकला अकादमी के पूर्व चेयरमैन अश्विन दलवी और संस्कार भारती के राष्ट्रीय महामंत्री रविंद्र भारती ने भी पुष्पांजलि अर्पित की। अयोध्या में स्थापित होने पर इसका अनावरण मुख्यमंत्री योगी द्वारा किया जायेगा। प्रतिमा का निर्माण अखिल भारतीय क्षत्रिय कल्याण परिषद द्वारा करवाया गया है।
प्रतिमा की विशेषता
जयपुर के मूर्तिकार महावीर भारती व निर्मला कुल्हरी द्वारा इस कांस्य प्रतिमा को तैयार किया गया है। मूर्तिकार महावीर भारती ने बताया कि यह प्रतिमा महाराणा प्रताप की कदकाठी के अनुसार बनाई गई है, जिसमे उनका तेज रौबीला चेहरा, चौड़ा सीना मजबूत बाजू,योद्धा की पोशाक, चेतक सहित युद्ध के लिए तैयार दिखता है। प्रतिमा की डिजायन निर्मला कुल्हरी द्वारा बनाई गई है। लॉस्ट वैक्स प्रोसेस से बनी प्रतिमा का वजन 1500 kg है। इस प्रतिमा को बनाने में 6 माह का समय लगा है। साथ ही मेटेलिक कलर के साथ पूरी प्रतिमा पर लेमिनेशन की गई है।
