देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत इस्तीफा दे सकते हैं। रावत आज रात 9:30 बजे देहरादून में प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे। सूत्रों के अनुसार, उन्होंने इसकी जानकारी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा को पत्र लिखकर दी। हालांकि ये भी कहा जा रहा है कि हाईकमान ने ही रावत को इस्तीफा देने के लिए कहा है। रावत कुछ देर में राज्यपाल मुलाकात कर सकते हैं। रावत को भाजपा आलाकमान ने बुधवार को दिल्ली तलब किया था। वहां गृह मंत्री अमित शाह और जेपी नड्डा ने उनसे मुलाकात की थी। उनके इस्तीफे की वजह संवैधानिक संकट पैदा होना बताया गया है।
जल्द बुलाई जा सकती है विधायक दल की बैठक
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, तीरथ सिंह रावत ने आज ही राज्यपाल से मिलने के लिए वक्त मांगा है। इस मुलाकात में वे उन्हें अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं। राज्य के अगले मुख्यमंत्री के लिए सतपाल महाराज, धन सिंह समेत 4 वरिष्ठ विधायकों के नाम की चर्चा है। इस मसले पर जल्द ही पार्टी विधायक दल की बैठक बुलाई जा सकती है।
तीरथ सिंह रावत के सामने संवैधानिक संकट
तीरथ सिंह रावत ने पत्र में कहा है कि आर्टिकल 164-ए के हिसाब से उन्हें मुख्यमंत्री बनने के बाद छ महीने में विधानसभा का सदस्य बनना था, लेकिन आर्टिकल 151 कहता है कि अगर विधानसभा चुनाव में एक वर्ष से कम का समय बचता है तो वहा पर उप-चुनाव नहीं कराए जा सकते हैं। उतराखंड में संवैधानिक संकट न खड़ा हो, इसलिए मैं मुख्यमंत्री के पद से इस्तीफा देना चाहता हूं। उत्तराखंड में अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं।
गौरतलब है कि त्रिवेंद्र सिंह रावत के इस्तीफे के बाद तीरथ सिंह रावत को 10 मार्च को उत्तराखंड का मुख्यमंत्री बनाया गया था। त्रिवेंद्र सिंह के खिलाफ बीजेपी में ही विरोध के स्वर उठ रहे थे, जिसके बाद नई दिल्ली में हुईं बैठकों में मुख्यमंत्री बदलने का फैसला लिया गया था। त्रिवेंद्र सिंह रावत ने तकरीबन चार साल तक बतौर मुख्यमंत्री राज्य की सत्ता संभाली थी, लेकिन वहीं, तीरथ सिंह रावत को अभी सिर्फ चार महीने ही मुख्यमंत्री बने हुआ है।
विधानसभा चुनाव जीतना जरूरी
तीरथ सिंह रावत वर्तमान समय में पौड़ी लोकसभा सीट से सांसद हैं, लेकिन उन्हें मुख्यमंत्री बने रहने के लिए किसी सीट से विधानसभा चुनाव जीतना जरूरी था। रावत को मुख्यमंत्री बने 10 सितंबर को छह महीने पूरे हो जाएंगे। कोविड-19 की परिस्थितियों की वजह से उत्तराखंड में उप-चुनाव भी अभी तक नहीं हुए हैं।
