सोमनाथ: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गुजरात के सोमनाथ में कई परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। जिसमे पार्वती माता मंदिर का शिलान्यास , इसके अलावा सोमनाथ सैरगाह, सोमनाथ प्रदर्शनी केंद्र और पुराने (जूना) सोमनाथ का पुनर्निर्मित मंदिर परिसर का उद्धघाटन शामिल हैं। कार्यक्रम में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, बीजेपी के वरिष्ठ नेता लाल कृष्ण आडवाणी और मुख्यमंत्री विजय रुपाणी में मौजूद रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, ‘’मेरा सौभाग्य है कि सोमनाथ मंदिर ट्रेस्ट के अध्यक्ष के रूप में मुझे इस पुण्य स्थान की सेवा का अवसर मिलता रहा है। आज फिर हम सब इस पवित्र तीर्थ के कायाकल्प के साक्षी बन रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘’आज मुझे समुद्र दर्शन पथ, सोमनाथ प्रदर्शन गैलरी और जीर्णोद्धार के बाद नए स्वरूप में जूना सोमनाथ मंदिर के लोकार्पण करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। साथ ही आज पार्वती माता मंदिर का शिलान्यास भी हुआ है.’’
Somnath Temple is integral to our culture and ethos. Inaugurating development works there. #JaySomnath. https://t.co/yE8cLz2RmX
— Narendra Modi (@narendramodi) August 20, 2021
पीएम मोदी ने कहा, ‘’आज मैं लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर को भी प्रणाम करता हूं, जिन्होंने विश्वनाथ से लेकर सोमनाथ तक, कितने ही मंदिरों का जीर्णोद्धार कराया। प्राचीनता और आधुनिकता का जो संगम उनके जीवन में था, आज देश उसे अपना आदर्श मानकर आगे बढ़ रहा है।’’
47 करोड़ लागत से विकसित हुआ सोमनाथ सैरगाह
सोमनाथ सैरगाह को ‘प्रसाद (तीर्थयात्रा कायाकल्प और आध्यात्मिक, धरोहर संवर्धन अभियान) योजना’ के तहत 47 करोड़ रुपये से भी अधिक की कुल लागत से विकसित किया गया है। ‘पर्यटक सुविधा केंद्र’ के परिसर में विकसित सोमनाथ प्रदर्शनी केंद्र में पुराने सोमनाथ मंदिर के खंडित हिस्सों और पुराने सोमनाथ की नागर शैली की मंदिर वास्तुकला वाली मूर्तियों को दर्शाया जाता है।
पुराने (जूना) सोमनाथ के पुनर्निर्मित मंदिर परिसर को श्री सोमनाथ ट्रस्ट द्वारा 3.5 करोड़ रुपये के कुल परिव्यय के साथ पूरा किया गया है। इस मंदिर को ‘अहिल्याबाई मंदिर’ के रूप में भी जाना जाता है, क्योंकि इसे इंदौर की रानी अहिल्याबाई द्वारा तब बनाया गया था, जब उन्होंने पाया कि पुराना मंदिर खंडहर में तब्दील हो गया है।

