जयपुर। राजस्थान पूर्वी इलाके के हाड़ौती अंचल में बारिश थमने का नाम नहीं ले रही। 24 घंटे के दौरान बारां, कोटा, बूंदी, सवाई माधोपुर, झालावाड़ा, भीलवाड़ा और टोंक में भारी बारिश हुई है। बारां, बूंदी, कोटा और धौलपुर के कई गांवों में बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। सबसे ज्यादा कोटा के खातौली में 280 मिमी (11 इंच) पानी बरसा। इस क्षेत्र की सभी नदियां उफान पर हैं। बांधों में भी पानी खतरे के निशान से ऊपर बह रहा हैं। पानी की अधिक होने से कोटा बैराज के 10 गेट खोलने पड़े हैं। चम्बल नदी में आएं उफान के कारण धौलपुर में कई गांवों का संपर्क टूट गया। सबसे ह्रदय विदारक हादसा बूंदी में हुआ जहां एक परिवार के सात लोगों की मकान के ढहने से मौत हो गई। इनमें चार बच्चे शामिल हैं।
एक ही परिवार के थे 7 मृतक
बताया जा रहा है कि नावघाट के पास टीले से मिट्टी का कटाव रोकने के लिए तीन साल पहले ही चंबल किनारे सुरक्षा दीवार बनाई गई थी। लगातार हो रही बारिश से सुरक्षा दीवार टूटकर मकान पर गिर गई। घटना रात ढाई बजे की है। अचानक मकान ढहने से परिवार मलबे में दब गया। हादसे में मीरा पत्नी महावीर (40), तमन्ना पुत्री महावीर (9), महेंद्र पुत्र सुखलाल (35), अनिता पत्नी महेंद्र (32), दीपिका पुत्री महेंद्र (7), कान्हा पुत्र महेंद्र (5) पूसी (खुशी) पुत्री महेंद्र (10) की मौत हो गई। हादसे के दौरान मकान में आठ लोग थे। महावीर हादसे की आवाज सुनकर तुरंत घर से बाहर आ गया था। महावीर का बेटा सुरेश नाना के घर गया हुआ था। इसलिए वो बच गया।
सेना को अलर्ट किया
इन हालातों को देखते हुए प्रशासन ने बचाव कार्य के लिए सेना से संपर्क किया है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी बाढ़ पर चिंता जताते हुए आमजन से सावधानी बरतने और परेशानी होने पर तुरंत प्रशासन को सूचित करने की अपील की है। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने भी बंूदी में हुए दर्दनाक हादसे पर संवेदना प्रकट की हैं।
धौलपुर में सबसे ज्यादा खतरा
सबसे ज्यादा खतरा धौलपुर जिले के लिए हो गया, जहां चंबल नदी 137 मीटर से ज्यादा लेवल पर बह रही है। इस कारण सरमथुरा और उससे लगते दर्जनों गांवों में बाढ़ जैसे हालात हो गए। पानी का लेवल ज्यादा होने के कारण प्रशासन ने सरमथुरा उप खंड के कई गांवों और निचली बस्तियों को खाली करा दिया है।
इधर, पार्वती नदी में भी पानी बढऩे के कारण इटावा क्षेत्र में गांव पानी से घिर गए हैं।पार्वती नदी में इस वक्त जलस्तर खतरे के निशान से 6 मीटर ऊपर पहुंच गया।
बूंदी में रोडवेज बस फंसी
बूंदी जिले के देहीखेड़ा थाना क्षेत्र में एक रोडवेज बस बरसाती नाले में फंस गई। बस में करीब 40 यात्री थे, जिन्हें स्थानीय लोगों की मदद से सुरक्षित निकाल लिया गया। भारी बारिश के कारण कोटा-सवाईमाधोपुर के बीच रेल लाइन पर पानी भर गया है। इससे जयपुर-मुम्बई सेंट्रल स्पेशल रेलसेवा को रूट बदलकर संचालित किया जा रहा है। अब गाडी संख्या 02956 जयपुर-मुम्बई सेंट्रल स्पेशल अजमेर-चंदेरिया-चित्तौडगढ-कोटा होकर संचालित होगी।


