जयपुर : कोरोना की दूसरी लहर में लोग जिस तरह से ऑक्सीजन के लिए परेशान हो रहे थे, दर-दर भटक रहे थे। ऐसी विकट परिस्थितियां प्रदेश में तीसरी लहर में नहीं देखने को मिले इसके लिए सरकार ने योजना बनाई है। कोरोना से या अन्य बीमारी से पीड़ित ऐसे मरीज जिन्हें ऑक्सीजन की जरूरत है और वह घर पर ही उपचार करवा सकता है। उसे ऑक्सीजन कंसंट्रेटर उपलब्ध करवाए जाएंगे। इसके लिए प्रदेश के हर जिले में ऑक्सीजन बैंक बनाया जाएगा, जहां से लोगों को बिना किसी चार्ज के ऑक्सीजन कंसंट्रेटर दिए जाएंगे। ये बैंक जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) या कलेक्टर की निगरानी में काम करेगा।
40 हजार से ज्यादा ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मंगवाए
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने अगले अगस्त तक प्रदेश में 40 हजार से ज्यादा ऑक्सीजन कंसंट्रेटर मंगवाए है। इसमें से 50 फीसदी से ज्यादा आ चुके है। इसके अलावा बड़ी संख्या में जिला और तहसील स्तर पर बने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों (CHC) पर पहुंचा दिए गए है। अब जो शेष बचे कंसंट्रेटर है वो और भामाशाह से जो मिल रहे है उन्हें जिला मुख्यालयों और छोटे शहरों में ADM के यहां रखवाया जाएगा। ताकि, लोगों को जरूरत होने पर यह उपलब्ध करवाए जा सके।
चिकित्सा मंत्री के पास मंजूरी के लिए भेजा प्रस्ताव
ऑक्सीजन बैंक से उन लोगों को कंसंट्रेटर दिए जाएंगे, जिनके कोरोना के हल्के लक्षण होंगे और वह घर पर ऑक्सीजन, दवाइयों से ठीक हो जाएंगे। इसके लिए कोई चार्ज नहीं लिया जाएगा। हालांकि, सुरक्षा के तौर पर कुछ राशि पहले रखवाई जाएगी, जो कंसंट्रेटर वापस देने के बाद लौटा दी जाएगी। इसके लिए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने भी प्रस्ताव तैयार किया है, जिसे मंजूरी के लिए चिकित्सा मंत्री को भिजवाया है।
