जयपुर: केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गड़करी ने बुधवार को दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे पर 19 प्रोजेक्ट्स का लोकार्पण और शिलान्यास किया। 1407 करोड़ की लागत इन प्रोजेक्ट्स पर आएगी। नितिन गड़करी ने कहा कि इन प्रोजेक्ट्स के बनने से पर्यटन, कृषि, उद्योग और व्यापार में इजाफा होगा। जिससे राज्यों में रोजगार बढ़ेगा। समय और फ्यूल की बचत होगी और पॉल्यूशन में कमी आएगी। एंबिएंस मॉल के पास यू-टर्न बनने से दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर पर लगने वाले जाम से मुक्ति मिली है। दिल्ली-जयपुर हाईवे पर कई फ्लाई-ओवर बनने से हाई-वे पर ट्रैफिक जाम और पानी भरने की परेशानी से निजात मिलेगी। लोगों का सफर आसान होगा। धारूहेड़ा-भिवाड़ी लिंक रोड बनने से धारूहेड़ा शहर में जाम नहीं लगेगा। इन परियोजनाओं से दिल्ली-जयपुर के बीच का सफर ज्यादा सुरक्षित होगा और कम वक्त में पूरा होगा।
इस प्रोजेक्ट का लोकार्पण
गुरुग्राम में एनएच -48 पर फोरलेन यू-टर्न अंडरपास
इन प्रोजेक्ट्स का हुआ शिलान्यास
-धारूहेड़ा-भिवाड़ी लिंक रोड, कापड़ीवास चौक और द्वारकाधीश चौक पर फ्लाईओवर का निर्माण।
-NH-48 के हरियाणा भाग का सुदृढ़ीकरण और बाकी कार्यों का निर्माण।
-मानेसर में एलिवेटेड स्ट्रक्चर व एक माइनर ब्रिज का निर्माण।
-बिलासपुर में फ्लाईओवर का निर्माण।
-मसानी बैराज पर प्रमुख पुल का निर्माण।
-लाधुवास गुर्जर में बाक्स कलवर्ट का निर्माण।
-दोधाई में लघु पुल का निर्माण।
-दावल चौक पर फ्लाईओवर का निर्माण।
-देहमी में वीयूपी का निर्माण।
-बहरोड़ में जागुवास चौक पर फ्लाईओवर निर्माण।
-सोतानाला पर बड़े पुल का निर्माण।
– बानसूर मोड पर फ्लाईओवर का निर्माण।
-पुतली कट पर फ्लाईओवर का निर्माण ।
-नीलका और बहरोड़ में बड़े पुलों का निर्माण
-भाभरू में बड़े पुल का निर्माण।
-खातोलाई में बड़े पुल का निर्माण।
-शाहपुरा तिराहा पर फ्लाईओवर का निर्माण।
राजस्थान के 50 स्टेट हाईवेज को नेशनल हाईवे करें घोषित
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए गडकरी से आग्रह किया कि वो राजस्थान के 50 स्टेट हाईवेज को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित करने संबंधी पेंडिंग प्रस्तावों को जल्द मंजूरी दें। इससे प्रदेश के आधारभूत ढांचे को मजबूती मिलेगी और इन सड़कों से जुड़े क्षेत्रों का तेजी से विकास होगा। गहलोत ने गडकरी से कहा कि वे पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम में JNNURM की तर्ज पर इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को बढावा देने की योजना बनाएं। इससे मेट्रो सिटीज में वाहनों से फैल रहा पॉल्यूशन कम होगा। फ्यूल भी बचेगा। मुख्यमंत्री ने देश-प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं में बड़़ी संख्या में होने वाली मौतों पर चिंता जताते हुए एक राष्ट्रीय नीति बनाने की मांग रखी। इसके लिए देश के सभी राज्यों के परिवहन और पीडब्ल्यूडी मंत्रियों की बैठक बुलाने का आग्रह किया।
ये नेता कार्यक्रम में शामिल हुए
पंचगांव हरियाणा में बुधवार को हुए समारोह में राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत वर्चुअली जुड़े। राजस्थान के पीडब्ल्यूडी मंत्री भजनलाल जाटव, उच्चशिक्षा राज्यमंत्री राजेन्द्र सिंह यादव, सांसद महंत बालकनाथ, कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड. रामचरण बोहरा, देवजी पटेल समेत कई जनप्रतिनिधि और नेशनल हाईवे अथॉरिटी के सीनियर अफसर प्रोग्राम में जुड़े। कार्यक्रम में केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग राज्यमंत्री डॉ वीके. सिंह, केन्द्रीय सांख्यिकी और कार्यक्रम क्रियान्वयन राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह, हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर और उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला भी शामिल हुए।
