जयपुर। ऊर्जा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं राजस्थान अक्षय ऊर्जा निगम के अध्यक्ष व प्रबन्ध निदेशक डॉ. सुबोध अग्रवाल ने अजमेर विद्युत वितरण निगम के अधिकारियों को आम उपभोक्ताओं को ध्यान में रख कर उन्हें राहत प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि निगम छीजत घटाने, राजस्व बढ़ाने और निर्बाध विद्युत आपूर्ति के लिए सतत प्रयत्नशील रहें।
ऊर्जा, खान एवं पैट्रोलियम विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं राजस्थान अक्षय ऊर्जा निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक डॉ. सुबोध अग्रवाल ने गुरूवार को डिस्कॉम मुख्यालय में अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने निर्देश दिए कि ऊर्जा विभाग आम उपभोक्ता से सीधा जुड़ा विभाग है। हमारी प्राथमिकता उपभोक्ता है। उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति और उनकी समस्याओं का तत्काल निराकरण होना चाहिए। अधिकारी उपभोक्ता को ही लक्ष्य मान कर काम करें।
डॉ. अग्रवाल ने कहा कि घरेलू, अघरेलू, कृषि और औद्योगिक श्रेणी के उपभोक्ताओं को विद्युत से संबंधित योजनाओं का पूरा लाभ मिले। शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए डिस्कॉम सतर्क रहे। मीटर, लाइन, ट्रांसफार्मर और अन्य तरह की उपभोक्ताओं की शिकायतें समय पर निस्तारित हों। उन्होंने डिस्कॉम के सभी विभागों से कहा कि वे अपना काम संवेदनशीलता और समयबद्धता के साथ करें।
इससे पूर्व प्रबन्ध निदेशक वी.एस. भाटी ने प्रजेंटेशन के जरिए डिस्कॉम की कार्यप्रणाली की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अजमेर डिस्कॉम में पिछले वर्ष कोरोना के बावजूद अपनी छीजत को 13.73 प्रतिशत पर सीमित किया है। पिछले वित्तीय वर्ष में हमने राजस्व वसूली के लिए विशेष अभियान चलाकर शत प्रतिशत राजस्व की वसूली की है। डिस्कॉम की टीम ने लगातार मेहनत कर वित्तीय वर्ष 2020-21 में अपने ऑपरेटिंग लॉसेस को वित्तीय वर्ष 2019-20 के मुकाबले 140 करोड़ रूपए से कम किया है।
प्रबंध निदेशक वी.एस. भाटी ने प्रजेंटेशन के माध्यम से बताया कि अजमेर डिस्कॉम ने वित्तीय वर्ष 2020-21 में रिकॉर्ड 23039 कृषि कनेक्शन जारी किए है। इस वित्तीय वर्ष में भी अगस्त माह तक अजमेर डिस्कॉम 13050 कृषि कनेक्शन जारी कर चुका है। अजमेर डिस्कॉम ने वित्तीय वर्ष 2020-21 में 158876 घरेलू कनेक्शन जारी किए। तथा इस वर्ष अगस्त माह तक अजमेर डिस्कॉम 46081 कनेक्शन जारी कर चुका है। भाटी ने बताया कि अजमेर डिस्कॉम की टीम ने लगातार विजिलेंस ड्राइव चलाकर बिजली चोरों पर नकेल कस रखी है। इस वित्तीय वर्ष में अगस्त माह तक अजमेर डिस्कॉम ने बिजली चारों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर 28970 परिसरों की जांच की जिसमें 19536 बिजली चोरी के मामले पकड़े गए। इस अभियान के तहत 2665 बिजली चोरों पर एफआईआर दर्ज कराई गई।
इसके अतिरिक्त बिलिंग स्टेटस, टी एण्ड डी लॉसेस, एटी एण्ड सी लॉसेस, पीएचईडी कनेक्शन, औसत बिलिंग, बंद एवं खराब मीटर, कन्ज्यूमर टैगिंग, एनर्जी ऑडिट, फोटो रीडिंग, विद्युत उपभोक्ताओं की शिकायतों के निस्तारण की स्थिति सहित अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर प्रबंध निदेशक भाटी ने विस्तृत जानकारी दी। बैठक में निदेशक वित्त एम.के. गोयल, सचिव प्रशासन एन.एल. राठी, मुख्य अभियंता के.पी. वर्मा, मुख्य लेखा नियंत्रक एस.एम. माथुर, अतिरिक्त मुख्य अभियंता एम.सी. बाल्दी, टीए टू एमडी राजीव वर्मा एवं प्रशांत पंवार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहें।
