Headlines

माइंस विभाग का बनेगा डिपार्टमेंटल मेन्यूअल, कार्यप्रणाली होगी अधिक सुगम और पारदर्षी

माइंस विभाग का बनेगा डिपार्टमेंटल मेन्यूअल, कार्यप्रणाली होगी अधिक सुगम और पारदर्षी

जयपुर। अतिरिक्त मुख्य सचिव माइंस डॉ. सुबोध अग्रवाल ने बताया है कि माइंस विभाग की कार्यप्रणाली को अधिक सुगम और पारदर्शी बनाने के लिए राज्य सरकार द्वारा माइंस विभाग का डिपार्टमेंटल मेन्यूअल बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि विभागीय मेन्यूअल में अतिरिक्त निदेशक, एसएमई, एमई एएमई, फोरमेन, ड्राफ्टमेन से लेकर मंत्रालयिक अधिकारियों और कार्मिकों के दायित्वों का समावेष होगा ताकि एक ही संकलन में सभी तरह की विभागीय जानकारी प्राप्त होने से कार्य अधिक सुगमता से हो सकेगा।

अतिरिक्त मुख्य सचिव माइंस एवं पेट्रोलियम डॉ. अग्रवाल मंगलवार को सचिवालय से वीडियो कॉफ्रेसिंग के माध्यम से विभागीय अधिकारियों से रुबरु हो रहे थे। उन्होंने बताया कि विभागीय मेन्यूअल को तैयार करने के लिए निदेशक माइंस केबी पण्ड्या द्वारा वरिष्ठ अधिकारियों की टीम गठित की जाएगी। जो तय समय सीमा में विभागीय मेन्यूअल को ड्राफ्ट तैयार कर राज्य सरकार को प्रस्तुत करेगी। उन्होंने बताया कि इससे पहले 1982 का विभागीय मेन्यूअल बना हुआ है जिसे आज के परिप्रेक्ष्य में तैयार किया जाना जरुरी हो गया है। उन्होंने बताया कि 1982 के बाद तकनीक व कार्यप्रणाली में आमूलचूल बदलाव हो चुका है ऐसे में नया मेन्यूअल विभागीय कार्य को गतिदेने और अधिकारियों व कार्मिकों की कार्यप्रणाली को सहज और पारदर्शी बनाने में सहयोगी होगा।

एसीएस डॉ. अग्रवाल ने आरसीसी और ईआरसीसी के ऑक्शन नहीं हो सकने वालेे ठेकों की स्थिति को गंभीर बताते हुए कहा कि राज्य सरकार के राजस्व की छीजत को रोकने के लिए वैकल्पिक उपाय खोजने होंगे। उन्होंने अवैध खनन, परिवहन और भण्डारण रोकने के लिए गोटन की तर्ज पर ड्रोन का उपयोग की संभावनाओं को तलाशने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को कार्यालय की चारदीवारी से बाहर निकल कर फिल्ड में अधिक समय देना होगा ताकि प्रदेश में खनन गतिविधियों को बढ़ावा देने के साथ ही अवैध खनन, परिवहन गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके।

निदेशक माइंस केबी पण्ड्या ने बताया कि विभाग द्वारा अवैध खनन के खिलाफ अभियान चलाकर कार्यवाही की जा रही है और रात्रिकालीन गश्त में अवैध परिवहन करते वाहनों पर जुर्माना व जब्ती की कार्यवाही की जा रही है।

वीडियो कॉन्फ्रेसिंग में डीएस नीतू बारुपाल, एसएमई एनएस शक्तावत, निदेशक माइंस के तकनीकी सहायक सतीश आर्य के साथ ही उदयपुर मुख्यालय से अतिरिक्त निदेशक एनके कोठ्यारी, अनिल खमेसरा, महेश माथुर, जयपुर से बीएस सोढ़ा, एसएमई प्रताप मीणा, अजमेर से जय गुरुबक्सानी सहित एसएमई, एमई आदि ने हिस्सा लिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *