अलवर: अलवर के रैणी के खुर्द गांव निवासी 50 साल के रामकिशन मीणा की नेपाल में हत्या कर दी गई। जो नेपाल में पथरी शनीश्चर नदी पर पुलिया निर्माण कार्य में पाइलिंग मशीन से जुड़े काम में लगा था। वह नेपाल से वापस आते समय अचानक गायब हो गया था। कई दिन पहले उनकी कार बिहार बॉर्डर के पास लावारिश मिली थी। अब करीब 10 दिन बाद नेपाल में शव मिला। मंगलवार को गांव में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया।
खुर्द निवासी लापता के पिता गुलाब चन्द , पुत्र देवेन्द्र मीणा व परिजनों ने बताया कि रामकिशन मीणा ने पाईलिंग मशीन ले रखी है। करीब 6 माह पहले ही नेपाल गया था। नेपाल के पथरी शनीश्चर में नदी के पुल निर्माण कार्य में काम ले रखा था। वहीं पर बिहार नम्बर की स्वीफ्ट डिजायर कार ली थी। रामकिशन मीणा कार से ही गांव आता जाता था।
6 फरवरी को नेपाल से रवाना
रामकिशन के भांजे की 18 फरवरी को शादी थी। 17 को भात लेकर जाना था । रामकिशन 6 फरवरी का नेपाल से गांव के लिए रवाना हुआ था। जिसने 8 फरवरी की शाम को घर फोन कर अपनी पत्नी भगवती को कहा था कि वह आ रहा है। यह भी कहा था कि दुबारा नेपाल नहीं जाऊंगा। बाकी बातें बाद में बताने को कहा था,लेकिन उसके बाद रामकिशन से बात ही नहीं हो सकी।
इस बीच 9 फरवरी को बिहार के सुपोल जिले के वीरपुर पुलिस को रामकिशन की कार भारत नेपाल बार्डर के पास लावारिस मिली। कार में खाली पर्स, डायरी कपडे जूते मिले। काफी पड़ताल करने के बाद बिहार पुलिस ने 15 फरवरी को गांव में सूचना दी। इसके बाद से परिवार के लोग सदमें थे।
परिजनों को दो दिन पहले ही नेपाल में रामकिशन का शव मिलने की सूचना मिली। शव मंगलवार को गांव पहुंचा है जहां उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया।
