अमृतसर: पंजाब में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले जारी कांग्रेस पार्टी के भीतर जंग अभी खत्म नहीं हुई है। पंजाब कांग्रेस के नए अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू ताजपोशी के बाद से ही समर्थकों से मिल रहे हैं और दूसरी ओर कैप्टन अमरिंदर सिंह अपना किला मजबूत कर रहे हैं। इसी कड़ी में बुधवार को दोनों नेता एक बार फिर अपना शक्ति प्रदर्शन कर रहे है।
अमृतसर में नवजोत सिंह सिद्धू
कांग्रेस में नए-नए अध्यक्ष बने नवजोत सिंह सिद्धू का समर्थकों से मिलना जारी है। बुधवार को नवजोत सिंह सिद्धू अमृतसर में हैं और उनके घर पर विधायकों का जुटना जारी है। नवजोत सिंह सिद्धू का दावा है कि उनके साथ 62 विधायक मौजूद हैं। बता दें कि पंजाब में कांग्रेस के कुल विधायकों की संख्या 80 है।
सिद्धू इस दौरान स्वर्ण मंदिर का भी दौरा करेंगे। बीते दिन सिद्धू अमृतसर पहुंचे थे, जहां उनका ज़ोरदार स्वागत किया गया। बुधवार को ही नवजोत सिंह सिद्धू का वाल्मीकि मंदिर जाने का भी प्लान है।
पंचकूला में कैप्टन ने समर्थकों को लंच पर बुलाया
पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने 21 जुलाई यानी आज सभी विधायकों, सांसदों को पंचकूला में लंच पर बुलाया है। जब नवजोत सिंह सिद्धू को प्रदेश कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया गया, उसके बाद कैप्टन ने ये बुलावा भेजा था। हालांकि, इसमें सिद्धू को आमंत्रित नहीं किया गया है। ऐसे में देखना होगा कि कैप्टन इस लंच के बहाने केंद्रीय आलाकमान को क्या संदेश देना चाहते हैं।
क्या साथ आएंगे दोनों नेता?
नवजोत सिंह सिद्धू को अभी तक कैप्टन अमरिंदर सिंह ने बधाई नहीं दी है। कैप्टन की ओर से साफ कर दिया गया है कि जब तक नवजोत सिंह सिद्धू उनसे सार्वजनिक माफी नहीं मांगेंगे, वो मुलाकात नहीं करेंगे। बीते कुछ समय में सिद्धू द्वारा राज्य सरकार के खिलाफ किए गए ट्वीट से छवि खराब होने के कारण कैप्टन अमरिंदर उनसे खफा हैं।
यही कारण है कि पंजाब में भले ही कांग्रेस ने नवजोत सिंह सिद्धू के हाथ में कमान दे दी हो, लेकिन अभी तक पूरा संकट टला नहीं है, क्योंकि कैप्टन खुलकर सिद्धू के साथ खड़े होते नहीं दिखाई दिए हैं जो पार्टी की चिंता बढ़ा सकता है।

