जयपुर : प्रदेश में पेपर लीक, फर्जीवाड़े और नकल के खिलाफ गैर जमानती कानून बनाने की मांग को लेकर बेरोजगार एक बार फिर विधानसभा घेराव करेंगे। फरवरी में प्रस्तावित विधानसभा सत्र से पहले ही प्रदेश के बेरोजगारों ने सरकार के खिलाफ हुंकार भर दी है। राजस्थान बेरोजगार एकीकृत महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष उपेन यादव ने कहा कि सरकार ने इससे पहले भी बेरोजगारों से कानून बनाने का वादा किया था, लेकिन अब तक सरकार ने अपना वादा पूरा नहीं किया है। उपेन ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक, फर्जीवाड़े और नकलचियों के खिलाफ गैर जमानती कानून लाने और अपराधियों की संपत्ति जब्त करने का प्रावधान सहित अन्य मांगों को लेकर गहलोत सरकार का रवैया स्पष्ट नहीं है। राज्य के बेरोजगारों की मांग है कि बाहरी राज्यों का कोटा कम करके राज्य के युवाओं को नौकरी में प्राथमिकता दी जाए। उपेन यादव ने बताया कि विधानसभा सत्र की तारीख तय होते ही विधानसभा घेराव की तारीख का भी ऐलान कर दिया जाएगा।
परीक्षाओं में पेपर लीक की रोकथाम के लिए कर रहे संघर्ष
उपेन यादव ने बताया कि पेपर लीक और नकलचियों पर रोकथाम के लिए गहलोत सरकार ने पिछले साल अध्यादेश लाने की घोषणा की थी। लेकिन उस कानून में संशोधन की आवश्यकता है। कानून में पेपर लीक के दोषियों की संपत्ति जब्त करने का प्रावधान नहीं है। हम चाहते हैं कि गहलोत सरकार पेपरलीक, डमी अभ्यर्थी, फर्जी डिग्री-डिप्लोमा और नकल गिरोह में शामिल अपराधियों की संपत्ति जब्त करने का प्रावधान रखा जाए। गैर जमानती कानून में ये प्रावधान नहीं हैं।
उन्होंने कहा कि हम प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक की रोकथाम लिए संघर्ष कर रहे हैं। सरकार जल्द से जल्द अध्यादेश लाकर नकलचियों पर रोक लगाए। कई विभागों में नई भर्तियां होनी है। उन्हें सरकार पूरा करें। शिक्षा विभाग की भर्तियों को समय पर पूरा किया जाए। उपेन यादव ने बताया कि प्रदेश के सभी बेरोजगारों की मांगों को लेकर विधानसभा का घेराव किया जाएगा।
