जयपुर। राज्यसभा सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने एक बार फिर पशुपालकों और किसानों के हित में हुंकार भरी है। मध्य प्रदेश के वीरपुर कृषि उपज मंडी (श्योपुर ज़िले) में हुई सभा में मीणा ने पशुपालकों और किसानों के खिलाफ अन्याय सहन नहीं करने और उनके हितों के लिए हर कदम पर संघर्ष करने का ऐलान किया। मीणा ने कहा कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान उनके दोस्त हैं और उन्हें इस बात की पूरी उम्मीद है कि वह उनकी मांगों पर सकारात्मक कदम उठाएंगे। उन्होंने पशुओं के लिए पशु चारागाह घोषित करने, स्थानीय आदिवासी निवासियों को वन संपदा की संग्रह और विपणन का अधिकार देने और क्षेत्र में बसे राजस्व गांवों को जंगल से बेदखल करने से रोकने की मांग को लेकर ज्ञापन भी दिया।
वन विभाग को किया कटघरे में खड़ा
किरोड़ी लाल मीणा ने सोमवार को हुई इस सभा में मध्यप्रदेश के वन विभाग को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा कि वन विभाग के अधिकारी पशुपालकों के खिलाफ अन्याय कर रहे हैं। कई बार हालात यहां तक आ जाते हैं कि पशुपालकों की पिटाई करने के साथ ही उनके पशुओं को गिरफ्तार कर थाने तक में बंद कर दिया जाता है। बेशकीमती दूध को उड़ेल दिया जाता है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान उदार हैं, लेकिन अधिकारियों की ओर से उन्हें अंधेरे में रखा जा रहा है। उन्हें पूरी उम्मीद है की चौहान तब जब यह बात पहुंचेगी तो वह इस मामले में पशुपालकों का साथ देते हुए उन्हें राहत प्रदान करेंगे। मीणा ने कहा कि इस मामले को लेकर वे केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से भी मुलाकात कर चुके हैं और उन्होंने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
डकैत कर रहे अन्नदाता पर अत्याचार
किरोड़ी लाल मीणा ने स्थानीय इलाके में डकैतों के बढ़ते खौफ का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि यहां डकैतों का अन्नदाता पर अत्याचार हो रहा है। राजस्थान के करौली का जिक्र करते हुए डॉक्टर मीणा ने कहा कि वहां पर भी उन्होंने डकैतों के खिलाफ आवाज बुलंद की थी और हालत यह थी कि एक बार खुद 20 किलोमीटर पैदल बीहड़ यात्रा हाथ में बंदूक लेकर कर चुके हैं। यदि जरूरत पड़ी तो इसी तरह की यात्रा यहां पर भी अन्नदाता के पक्ष में करने के लिए तैयार हैं। किरोड़ी लाल मीणा ने आरक्षण के महत्वपूर्ण मुद्दे का जिक्र करते हुए कहा कि मीणा समुदाय को एसटी वर्ग में आरक्षण का उनका हक दिलाने के लिए स्थानीय और केंद्र सरकार ने पूर्व में भी प्रयास किए थे और वे अब भी इसके लिए प्रयासरत हैं। उम्मीद है इस मामले में भी जल्द समाधान निकल जाएगा।
