जयपुर: राजधानी जयपुर में बढ़ते कोरोना के नए वैरियंट के खतरे के बीच 12 दिसंबर को जयपुर में होने वाली कांग्रेस की रैली को लेकर गहलोत सरकार के मंत्री ने बेतुका बयान दिया है। खाद्य मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास ने कोरोना के बीच रैली के सवाल पर कहा- यह जो नया वैरियंट ओमिक्रॉन आया है, वह पुराने खतरनाक वैरियंट को मारने आया है। इसलिए यह कमजोर हो गया, आमिक्रोन खतरनाक नहीं है। एक भक्ति भाव वाले आदमी ने मुझे बताया। यह मेरे व्यक्तिगत विचार हैं। अब यह तो मेरे ज्यादा समझ नहीं आता, ज्यादा तो साइंस वाले बताएंगे।
रैली करने पर अड़ी कांग्रेस
राजधानी जयुपर में कोरोना के केस लगातार बढ़ रहे हैं, इस खतरे के बीच कांग्रेस रैली करने पर अड़ी है। सरकार के मंत्री और कांग्रेस नेता रैली के बचाव में कई तरह के तर्क दे रहे हैं। हाईकोर्ट में भी सरकार ने रैली रोकने की याचिकाओं के जवाब में कहा था कि यह सब पब्लिसिटी स्टंट है, ओमिक्रॉन उतना खतरनाक नहीं है।
ओमिक्रॉन उतना पॉवरफुल नहीं
खाचरियावास ने कहा कि मेरा मानना है ओमिक्रॉन उतना पॉवरफुल नहीं है। अजीब सी बात लगेगी लेकिन डेल्टा खतरनाक है। पहली लहर मे मैं खुद कोरोना का शिकार हो चुका हूं, लेकिन दूसरी लहर ज्यादा घातक थी। फिर भी हमें ओमिक्रॉन से डरना पड़ेगा। जहां तक रैली का सवाल है, इससे पहले ही कई मंत्री गाइडलाइन की बात कर रहे थे। हमें यह ध्यान रखना होगा कि जिंदगी चलाना भी बहुत जरूरी है। कोराना के बाद भूख से जंग हो रही है। हमें भूख से भी जंग लड़नी है।
कई मंत्री दे चुके कोरोना पर बेतुके बयान
इससे पहले पूर्व मंत्री देवीसिंह भाटी ने पिछले सप्ताह ही कोरोना को लेकर कहा था कि नीबू के रस की बूंद नाक में डालने से कोरोना नहीं होता। इससे पहले कोरोना की दूसरी लहर से पहले टोंक सांसद सुखबीर सिंह जोनापुरिया ने कीचड़ और गोबर स्नान को कोरोना का इलाज बताया था। इससे पहले केंद्रीय मंत्री अर्जुन मेघवाल ने एक पापड़ के ब्रांड की लॉन्चिंग के वक्त कहा था कि इस पापड़ के सेवन से कोरोना नहीं होता।
