नई दिल्ली : कोरोना महामारी के संकट से बदहाल कपड़ा सेक्टर (Textile Sector) और किसानो को सरकार की तरफ से बड़ी राहत मिली है। केंद्रीय कैबिनेट ने बुधवार को टेक्सटाइल इंडस्ट्री के लिए PLI स्कीम को मंजूरी दे दी है। किसानों के लिए भी बड़ा किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में यह कैबिनेट की अहम बैठक हुई।
कैबिनेट के फैसलों के मुताबिक टेक्सटाइल से जुड़े 10 अलग-अलग उत्पादों के लिए अगले 5 साल तक 10683 करोड़ रुपये से अधिक का पैकेज दिया जाएगा। पैकेज में टीयर 2-3 के इलाकों वाली कंपनियों को ज्यादा प्राथमिकता दी जाएगी। मैनमेड फाइबर अपैरल और टेक्निकल टेक्सटाइल के लिए PLI को मंजूरी मिली है।
Through the PLI Scheme in textiles, India seeks to emerge as a hub for global textiles manufacturing. The PLI scheme will further women empowerment and accelerate progress in the aspirational districts. #PLI4Textiles pic.twitter.com/SGo92Af5mT
— Narendra Modi (@narendramodi) September 8, 2021
टेक्सटाइल सेक्टर में PLI स्कीम को मंजूरी से आत्मनिर्भर भारत की नींव को और अधिक मजबूत करेगी। इससे भारतीय कंपनियां वैश्विक बाजार में चैंपियन बनकर उभरेंगी और साथ ही देश के ग्रामीण क्षेत्र में रोजगार सृजन भी होगा। हालांकि केवल भारत में रजिस्टर मैन्यूफैक्चरिंग कंपनियां पात्र होंगी।
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि टेक्सटाइल के क्षेत्र में लिए गए, इस फैसले से हजारों लोगों को सीधे रोजगार मिल पाएगा। सरकार के मुताबिक इससे 7.5 लाख लोगों को रोजगार मिल पाएगा। पैकेज को दो भागों में रखा गया है, जिसमें पहला भाग 100 करोड़ रुपये तक का प्रोडक्शन और दूसरा 300 करोड़ रुपये तक का प्रोडक्शन रखा गया है।
रबी की फसलों पर इतना बढ़ा MSP
गेहूं, बार्ले, चना, मसूर, सरसों और सैफलॉवर का एमएसपी बढ़ा दिया गया है। गेहूं का एमएसपी 1975 रुपये से बढ़कर 2015 रुपये हो गया है, बार्ले का 1600 रुपये से बढ़कर 1635 रुपये, चना की 5100 रुपये से 5230 रुपये, सरसों की 4650 रुपये से 5050 रुपये, सैफलॉवर का 5327 रुपये से 5441 रुपये और मसूर की 5100 रुपये है।
प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी की अध्यक्षता में आज आर्थिक मामलों की मंत्रिमण्डलीय समिति (#CCEA) ने रबी विपणन सत्र 2022-23 के लिए सभी अधिदेशित रबी फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि को दी मंजूरी…#Cabinet #AatmaNirbharKrishi pic.twitter.com/WZxJsDznlF
— Narendra Singh Tomar (@nstomar) September 8, 2021
लगातार बढ़ रही है MSP की दर – तोमर
केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि, ‘कुछ लोग यह गलत सूचना फैलाने की कोशिश कर रहे हैं की एमएसपी बंद कर दिया जाएगा। लेकिन इसके विपरीत कृषि कानूनों के लागू होने के बाद एमएसपी पर फसलों की खरीद और एमएसपी की दर लगातार बढ़ रही है।
क्या है एमएसपी?
न्यूनतम समर्थन मूल्य के तहत सरकार किसानों द्वारा बेचे जाने वाले अनाज की पूरी मात्रा खरीदने के लिए तैयार रहती है। जब बाजार में कृषि उत्पादों का मूल्य गिर रहा होता है, तब सरकार किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर कृषि उत्पाद खरीदकर उनके हितों की रक्षा करती है। सरकार द्वारा न्यूनतम समर्थन मूल्य की घोषणा फसल बोने से पहले ही कर दी जाती है।
