लेह: केंद्रशासित प्रदेश लद्दाख के उपराज्यपाल आरके माथुर ने महात्मा गांधी के जयंती पर खादी के कपड़े से बने तिंरगे का अनावरण किया। यह दुनिया का सबसे बड़ा राष्ट्रीय ध्वज है। इस मौके पर सैन्य प्रमुख जनरल एमएम नरवणे भी मौजूद थे। इस राष्ट्रीय ध्वज को लेह की जनस्कार पहाड़ी पर लगाया गया। इस ध्वज का अनावरण महात्मा गांधी की 152वीं जयंती पर किया गया है। दरअसल महात्मा गांधी को खादी का पर्याय माना जाता है।
1400 किलोग्राम का है यह राष्ट्रीय ध्वज
गांधी जयंती के मौके पर आज लेह में दुनिया के सबसे बड़े तिरंगे का अनावरण किया गया। लेह की जंस्कार पहाड़ी पर लगाया गया यह तिरंगा खादी का है और इसे हाथ से बनाया गया है। यह 225 फीट लंबा, 125 फीट चौड़ा और 1400 किग्रा वजन का है। इसे बनाने में 49 दिन का समय लगा। इसे बनाने में 4500 मीटर खादी को कपड़े का इस्तेमाल हुआ है। यह 37,500 वर्ग फीट की जगह घेरता है।
#WATCH LG Ladakh RK Mathur today unveiled the National flag created by Khadi & Village Industries Commission at an event organized by the Indian Army’s Fire and Fury Corps, Ladakh pic.twitter.com/7wMmS4ua8y
— ANI (@ANI) October 2, 2021
लद्दाख के लेफ्टिनेंट गवर्नर आरके माथुर ने इसका अनावरण किया। इस मौके पर सैन्य प्रमुख जनरल एमएम नरवणे भी मौजूद थे। इस तिरंगे को खादी विकास बोर्ड और मुंबई की एक प्रिंटिंग कंपनी ने मिलकर बनाया है। इसे 8 अक्टूबर को एयरफोर्स डे पर हिंडन एयरबेस ले जाया जाएगा।
इंजीनियर रेजिमेंट के 150 जवान 2000 फीट की ऊंचाई पर ले गए
इसे फहराने के लिए इंजीनियर रेजिमेंट के 150 जवान अपने कंधे पर तिरंगा उठाकर जमीन से 2000 फीट की ऊंचाई पर ले गए। जवानों को चोटी पर पहुंचने में दो घंटे लगे। इसका वीडियो सामने आया है।

