जयपुर : महिला जागृति संघ द्वारा सुगंध दशमी के अवसर पर बड़े दीवान जी का मंदिर मनिहारों का रास्ता में “बना बने बैरागी” सजीव झांकी आयोजित की गईl इसे कोरोना गाइडलाइंस के अनुसार आयोजित किया गयाl झांकी की सभी ने बहुत सराहना की।
झांकी में सिद्धार्थनगर के राजा क्षमकर के 2 पुत्र राजकुमार कुलभूषण और देशभूषण शिक्षा के बाद जब नगर लौटते हैं तो वह अपनी बहन की सुंदरता पर मोहित हो उससे प्रेम करने लगते हैं और विवाह को लेकर आपस में मरने मारने पर उतारू हो जाते हैं।
इसी बीच मंत्री वहां पहुंचते हैं और उन्हें बताते हैं कि जिस की सुंदरता पर आप मोहित हुए हैं। वह आपकी छोटी बहन है जब आप गुरुकुल गए थे उस वक्त यह पैदा हुई थी यह बात सुनकर दोनों बहुत शर्मिंदा होते हैं और यह निर्णय लेते हैं कि वह अब नगर में नहीं बल्कि वैराग्य की ओर प्रस्थान करेंगे। झांकी में पूजा, पायल, विजयलक्ष्मी, धिर्श, किरिष, मानसी, दीपिका ने भाग लिया। संघ शशि जैन, विमला गोधा, शारदा सोनी साधना काला सहित कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित थे।
