जयपुर: राजस्थान में करीब 6 माह से चली आ रही पटवारियों की हड़ताल शनिवार को समाप्त हो गई। मुख्यमंत्री निवास पर चली करीब एक घंटे की बैठक के बाद पटवारियों की मांगों पर चर्चा करते हुए सहमति बनी, जिसमें पटवारियों को हार्ड ड्यूटी अलाउंस बढ़ाने और वरिष्ठ पटवारी के पद बनाने की बात कही। जानकारी के मुताबिक पटवारियों के लिए नया पद सृजन किया जाएगा। वरिष्ठ पटवारी का पद सृजित होगा। पटवारियों के काम-काज में मजबूती होगी। विभिन्न मांगों पर सहमति बनी है।
पटवारियों का हार्ड ड्यूटी अलाउंस बढ़ाने पर सहमति बनी
राजस्व मंत्री हरीश चौधरी के साथ मुख्यमंत्री निवास पर पहुंचे पटवार संघ के पदाधिकारियों ने करीब एक घंटे तक मुख्यमंत्री से वार्ता की। वार्ता में ग्रेड-पे बढ़ाने और पदोन्नति के नियमों में शिथिलता देने की मांग रखी थी। हालांकि ग्रेड-पे बढ़ाने के बजाए सरकार ने पटवारियों को हार्ड ड्यूटी अलाउंस में 50 फीसदी बढ़ोतरी करने पर सहमति बनी। ग्रेड-पे बढ़ाने के मामले में सरकार ने एक कमेटी बनाने और उसकी 3 माह में रिपोर्ट देने की बात कही है। इसके अलावा पटवारियों की ओर से जो आंदोलन फरवरी में किया गया था और जिन पटवारियों पर आंदोलन के दौरान मुकदमे दर्ज हुए थे उन्हे वापस लेने की मांग की थी, जिस पर सरकार ने सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाएगा।
ग्रेड-पे बढ़ाने की मांग को लेकर शुरू हुआ था आंदोलन
आपको बता दें पटवारियों की मांग थी कि ग्रेड-पे 2400 से बढ़ाकर 3600 करने, पदोन्नति का नियम 9, 18, 27 साल के स्थान पर 7, 14, 21, 28 व 32 साल करने और नो वर्क नो पे लेने की मांग के आदेश भी वापस लेने की मांग को लेकर यह आंदोलन शुरू किया था। 3600 ग्रेड पे मांग को लेकर पटवारियों का आंदोलन चल रहा था। अतिरिक्त पटवार मंडलों का पटवारियों ने कार्य बहिष्कार कर रखा था। 28 अप्रैल,2018 को हुए समझौते को लागू करने की मांग लेकर आंदोलन जारी था। पटवारियों ने शहीद स्मारक पर 64 दिन तक धरना दिया। पटवारियों के कार्य बहिष्कार से किसान व आमजन परेशान थे।
