जयपुर। खान व गोपालन मंत्री प्रमोद जैन भाया ने कहा है कि अधिकारी जनहित के कार्यों को सर्चोच्च प्राथमिकता देते हुए समय पर पूरा करें। उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण की चैन तोड़ने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ी जाएगी। राज्य सरकार संक्रमण की रोकथाम के लिए पूरी ताकत से जुटी हुई है और उपचार व्यवस्थाओं में धनराशि की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी।
भाया ने शुक्रवार को सिरोही और जालौर जिले में अधिकारियों व जनप्रतिनिधियोें के साथ बैठक ली और कोरोना संक्रमण, वैक्सीनेसन प्रगति, चक्रवात से प्रभाव की जानकारी के साथ ही राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर सामग्री का वितरण और कोविड प्रोटेक्शन सामग्री का वितरण किया।
रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाड़े और चिकित्सा सुविधाओं की जानकारी ली
उन्होंने चिकित्सा सुविधाओं से कोरोना केसों में हो रही रिकवरी तथा रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाड़े लॉकडाउन के प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिला प्रशासन की प्रशंसा की। जिला चिकित्सालय में कोविड मरीजों के उपचार की व्यवस्थाओं, ऑक्सीजन बेड, आईसीयू बेड एवं वेन्टीलेटर सहित अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी ली और आवश्यक दिशा निर्देश दिए। खान मंत्री भाया ने जिले में चक्रवात से हुए नुकसान की जानकारी लेने के साथ ही कोरोना वैक्सीनेशन प्रगति की जानकारी ली।
खान मंत्री प्रमोद जैन भाया ने पूर्व प्रधानमंत्री स्व. राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर नगर परिषद सिरोही की ओर से सिरोही के राजीव नगर आयकर कार्यालय के पास जरूरत मंद लोगों को राशन किट वितरण किए। इसी प्रकार जिला सामान्य चिकित्सालय में कोविड के मरीजों को कोविड प्रोटेक्शन सामग्री में सेनेटाइजर, थ्री-लीयर मास्क, ओ-2 मास्क, रिजर्व बेग के 90 व ओ-2 के मास्क का वितरण किया।
जावाल में आक्सीजन प्लांट
शिवगंज विधायक संयम लोढा ने नगरपालिका जावाल में आक्सीजन प्लांट लगाने एवं एच.जी. इन्फ्रा इंजीनिरिंग जोधपुर द्वारा जिले में आक्सीजन प्लांट लगाने की घोषणा की है। उन प्लांटों को कालन्द्री एवं सिलदर में लगाने का अनुरोध किया गया। ब्लैक फगंस बीमारी को चिरंजीवी योजना एवं भारत सरकार की आयुष्मान भारत योजना में सम्मलित किये जाने की मांग की।
रेवदर विधायक जगसीराम कोली ने बिजली आपूर्ति में बाधा की समस्या की और ध्यान दिलाया। बैठक में जिला कलक्टर भगवती प्रसाद ने बताया कि जिले में कोविड.-19 संक्रमित रोगियों के उपचार के लिए जिला मुख्यालय के अतिरिक्त कोविड केयर सेंटर बनाकर उपचार की व्यवस्था की गई है। केयर सेंटर में पर्याप्त मात्रा में आक्सीजन एवं दवाईयों की व्यवस्था की गई है।
जिला पुलिस द्वारा जागरूकता अभियान
जिला पुलिस अधीक्षक हिम्मत अभिलाष टांक ने रेड अलर्ट जन अनुशासन पखवाडा लॉकडाउन में किए गए जागरूकता अभियान के दौरान बनाए गए चालान की स्थिति, दर्ज की गई एफआईआर, जन जागरूकता के लिए निकाली गई रैलियों, आक्सीजन के टेंकरों को एस्कोर्ट करने, जिले की सीमा पर बनाए गए चैक पोस्टों पर आने वाले की जांच एवं सरकार द्वारा जारी कोविड गाईड लाइन की पालना की की जानकारी दी।

जालौर में बैठक लेते हुए भाया ने कहा कि बेहतरीन कोविड मैनेजमेंट के साथ आमजन को बिजली व पानी की सुचारू आपूर्ति सरकार की प्राथमिकता है। वैश्विक महामारी कोरोना की दूसरे लहर में काफी तेज गति से संक्रमण हुआ किन्तु जालोर जिले में स्थानीय स्तर पर ऑक्सीजन सहित विभिन्न संसाधनों को भामाशाहों के सहयोग से प्रबंधन कर काफी हद तक नियंत्रित करने में सफलता प्राप्त की है। इसके लिए प्रभारी मंत्री भाया ने जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन सहित कोरोना वॉरियर्स के रूप में सेवाएं दे रहे अधिकारी-कर्मचारियों की सराहना की।
ब्लेक फंगस और पोस्ट कोविड इफेक्ट की निगरानी रखने के निर्देश
भाया ने जालौर कलेक्ट्रेट के भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र में विभिन्न विभागों के अधिकारियों की समीक्षा बैठक को संबोधित भी संबोधित किया। भाया ने कहा कि कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं को ओर अधिक बेहतर करने के लिए अभी से ही योजनाबद्ध तरीके से कार्य प्रारंभ किया जाना चाहिए। उन्होंने ब्लेक फंगस से संबंधित आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं बेहतर करने की बात कहते हुए रिकवर हुए कोविड मरीजों के पोस्ट कोविड इफेक्ट की निगरानी रखने के निर्देश दिये।
प्रभारी मंत्री ने गर्मी के मौसम को देखते हुए जिले में पेयजल एवं विद्युत की आपूर्ति व्यवस्था बेहतरीन तरीके से सुचारू रखने के साथ ही विभिन्न योजनाओं की प्रभावी मॉनिटरिंग कर तय समय में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिये। उन्होंने चिकित्सा विभाग के अधिकारियों से दवाईयों की उपलब्धता, चिकित्सा उपकरणों की स्थिति एवं डोर टू डोर सर्वे के संबंध में जानकारी प्राप्त करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिये।
बैठक में वन एवं पर्यावरण मंत्री सुखराम विश्नोई ने कहा कि जिले में प्रशासन द्वारा कोविड प्रबंधन में भामाशाहों का अतुलनीय सहयोग रहा हैं जिसके कारण जिले में ऑक्सीजन की कमी नहीं हुई वही रिकवरी रेट भी बढ़ी है।
