Headlines

सीरिया में US आर्मी के अटैक में 13 नागरिक मारे जाने का दावा, टारगेट पर था अल कायदा आतंकी

सीरिया

सीरिया : अमेरिकी स्पेशल ऑपरेशंस फोर्स ने गुरुवार सुबह सीरिया में अल कायदा के लीडर को निशाना बनाने के लिए अभियान चलाया। अमेरिकी रक्षा विभाग ने जानकारी दी कि मिशन सफल रहा, लेकिन अब घटनास्थल से रिपोर्ट आ रही है कि इस रेड में बच्चों समेत 13 नागरिकों की जान गई है और कई नागरिक घायल हुए हैं। वॉशिंगटन पोस्ट की खबर के मुताबिक, सीरिया में काम करने वाले सिविल डिफेंस ग्रुप व्हाइट हेल्मेट्स ने इस बात की जानकारी दी है कि उन्होंने अब तक 13 शवों को घटनास्थल से निकाला है। इनमें 6 बच्चों और 4 महिलाओं के शव शामिल हैं। इस समूह ने यह भी बताया कि उन्होंने एक छोटी बच्ची के जख्मों का इलाज भी किया, जिसके पूरे परिवार की इस हमले में मौत हो गई।

रात 1 बजे इदलिब प्रांत में उतरे हेलिकॉप्टर्स

उत्तरी इदलिब प्रांत के नागरिकों ने बताया कि उन्होंने रात करीब 1 बजे हेलिकॉर्प्स की आवाज सुनी और इसके बाद गोलीबारी की आवाजें आनी लगीं। अमेरिकी कमांडोज आधी रात के बाद हेलिकॉप्टर के जरिए सीरिया के अतमेह उतरे। यह गांव तुर्की की सीमा से लगता है। यहां उन्होंने एक घर को घेरा और हमला कर दिया।

न्यूयॉर्क टाइम्स की खबर के मुताबिक, सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स और सीरिया की सोशल मीडिया रिपोर्ट्स की एनालिसिस करने वाले अमेरिकी एनालिस्ट्स ने बताया कि लाउडस्पीकरों पर महिलाओं और बच्चों से घरों को खाली करने को कहा गया। इसके लगभग दो घंटे बाद अमेरिकी कमांडोज ने मिशन लॉन्च कर दिया। सेना ने घर पर ग्रेनेड दागे, जिसके बाद घर में मौजूद आतंकियों की तरफ से जवाबी कार्रवाई की गई। दोनों तरफ से लंबी मुठभेड़ चली।

सीरियाऑपरेशन के दौरान एक अमेरिकी हेलिकॉप्टर में तकनीकी खराबी आ गई, जिसके चलते उसे मजबूरन लैंड कराया गया। बाद में अमेरिकी अटैक एयरक्राफ्ट ने उसे नष्ट कर दिया। रात में ही अमेरिकी कमांडों और बाकी हेलिकॉप्टर्स वहां से उड़ गए।

सोशल मीडिया के पोस्ट में दिख रही हैं लाशें

हालांकि, सोशल मीडिया पर मौजूद पोस्ट कुछ और ही कहानी बयां कर रहे हैं। न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक, वॉशिंगटन स्थित मिडिल ईस्ट इंस्टीट्यूट के सीरिया एंड काउंटरिंग टेररिज्म एंड एक्सट्रिमिज्म प्रोग्राम के डायरेक्टर चार्ल्स लिस्टर ने इन वीडियोज को देखकर बताया कि इनमें दिख रहा है कि अमेरिका की तरफ से निशाना बनाए गए घर के मलबे में से आदमियों, महिलाओं और बच्चों के 9 शव बाहर निकाले जा रहे हैं।

मौके पर मौजूद लोगों ने कहा कि अमेरिका हमले के कारण घर को नुकसान पहुंचा, जबकि अमेरिकी सेना के सीनियर अधिकारी ने बताया कि घर में एक धमाका हुआ था, जो अमेरिकी गोलाबारी के कारण नहीं हुआ था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *