नई दिल्ली : पश्चिम बंगाल में चुनाव के वक्त से शुरू हुई केंद्र और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की तनातनी अब तक जारी है। शुक्रवार को यास तूफान से हुए नुकसान का जायजा लेने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पश्चिम बंगाल पहुंचे तो ममता उनकी रिव्यू मीटिंग में शामिल नहीं हुईं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वे मीटिंग में शुभेंदु अधिकारी को बुलाए जाने से नाराज थीं। उन्होंने कहा है कि यदि शुभेंदु अधिकारी बैठक में शामिल हो रहे हैं तो उनका जाना मुश्किल है।
कलाईकुंडा में PM मोदी से मुलाकात की
हालांकि, ममता ने मेदिनीपुर जिले के कलाईकुंडा में PM मोदी से मुलाकात की। उन्होंने प्रधानमंत्री को तूफान से हुए नुकसान की प्राइमरी रिपोर्ट सौंपी। दोनों नेताओं के बीच करीब 15 मिनट बात हुई। अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री ने PM मोदी को राज्य की स्थिति और तूफान से सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों के बारे में जानकारी दी है। ममता खुद भी शनिवार को प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वे करेंगी।
ओडिशा के CM के साथ की समीक्षा बैठक
प्रधानमंत्री मोदी बंगाल और ओडिशा के दौरे पर हैं। वे तूफान प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वे कर रहे हैं। इससे पहले वे ओडिशा पहुंचे। जहां उन्होंने मुख्यमंत्री नवीन पटनायक के साथ यास के प्रभाव पर समीक्षा बैठक की। इस बैठक में राज्यों के आला अफसर भी मौजूद रहे।
ओडिशा और बंगाल का एरियल सर्वे किया
साइक्लोन यास से हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए प्रधानमंत्री मोदी ने ओडिशा के भद्रक और बालेश्वर जिलों और पश्चिम बंगाल के पुरबा मेदिनीपुर का हवाई सर्वे किया। इन्हीं जिलों में ही तूफान ने सबसे ज्यादा तबाही मचाई है। इधर, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बताया कि सुबह 5 बजे के आसपास बिहार और उससे सटे झारखंड के इलाके में तूफान का असर कम हो गया है।
