नई दिल्ली: अमेरिका की कंपनी नोवावैक्स वैक्सीन को सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (Serum Institute of India) भारत में कोवावैक्स के नाम से बनाएगा। सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (Serum) ने गुरुवार को बताया कि हम सितंबर में वैक्सीन को भारत में लॉन्च करने की तैयारी कर रहे हैं। जुलाई से बच्चों पर इसका क्लिनिकल ट्रायल शुरू करने की योजना है।
ब्रिटेन में हुए ट्रायल
ब्रिटेन में हुए नोवावैक्स के तीसरे फेज के ट्रायल के नतीजे आ चुके हैं। इससे पहले कंपनी ने सोमवार को बताया था कि कोरोना वायरस के खिलाफ यह काफी असरदार साबित हुई है। वैक्सीन ने माइल्ड, मॉडरेट और सीवियर मामलों में 90.4% फाइनल एफिकेसी दिखाई है।
बेहतर रिजल्ट की वजह से जल्द ही इस वैक्सीन को इमरजेंसी यूज की मंजूरी मिलने की उम्मीद है। ये वैक्सीन अलग-अलग वैरिएंट्स से प्रोटेक्ट करने में भी कारगर रही है। दुनिया भर में वैक्सीन की कमी के बीच कंपनी ने ये नतीजे जारी किए हैं।
Serum Institute of India plans to start clinical trials of the Novavax shot for children in July: Sources
— ANI (@ANI) June 17, 2021
200 करोड़ खुराक तैयार करेगा SII
नोवावैक्स और भारत की कंपनी SII ने कोरोना वैक्सीन के 200 करोड़ खुराक तैयार करने का करार किया है। अगस्त में यह डील साइन की गई थी। समझौते के मुताबिक, कम और मध्यम आय वाले देशों और भारत के लिए कम के कम 100 करोड़ खुराक का उत्पादन किया जाएगा। अब ट्रायल के नतीजे आने के बाद कंपनी 2021 की तीसरी तिमाही में अमेरिका, UK और यूरोप में इमरजेंसी यूज का अप्रूवल मांग सकती है।
विदेश में हो चुकी बच्चों पर ट्रायल की शुरुआत
नोवावैक्स विदेश में अपनी वैक्सीन के बच्चों पर ट्रायल की शुरुआत कर चुकी है। कंपनी ने 12-17 साल उम्र के 3,000 बच्चों पर ट्रायल्स शुरू किए हैं। हालांकि इसे अब तक किसी भी देश में मंजूरी नहीं मिली है। इसमें शामिल हो रहे बच्चों की 2 साल तक निगरानी की जाएगी।
