नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज पूर्वोत्तर के मुख्यमंत्रियों के साथ कोरोना महामारी को लेकर समीक्षा बैठक की गई। पीएम मोदी ने कोरोना की तीसरी लहर के खतरे को समझाते हुए कहा कि हमें पहले से ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है। पीएम मोदी ने कहा कि माइक्रोकंटेनमेंट जोन बनाएं, इससे जिम्मेदारी भी तय होगी। उन्होंने कहा कि यह कोरोना एक बहरुपिया वायरस है, इसके म्यूटेंट से हमें सावधान रहना होगा। इसकी रोकथाम और इलाज पर फोकस करना होगा।
पीएम मोदी ने कहा, ”हमें कोरोना वायरस के हर वेरिएंट पर भी नज़र रखनी होगी। म्यूटेशन के बाद ये कितना परेशान करने वाला होगा, इस बारे में एक्सपर्ट्स लगातार स्टडी कर रहे हैं। ऐसे में रोकथाम और इलाज बहुत जरूरी है।”
Reviewing the COVID-19 situation in the Northeast with CMs. https://t.co/Li32QRUNih
— Narendra Modi (@narendramodi) July 13, 2021
ये सही है कि कोरोना की वजह से टूरिज्म, व्यापार-कारोबार बहुत प्रभावित हुआ है। लेकिन आज मैं बहुत जोर देकर कहूंगा कि हिल स्टेशंस में, मार्केट्स में बिना मास्क पहने, भारी भीड़ उमड़ना ठीक नहीं है। पीएम मोदी ने टीकाकरण के महत्व को बताते हुए कहा कि केंद्र सरकार द्वारा चलाए जा रहे ‘सबको वैक्सीन-मुफ्त वैक्सीन’ अभियान की नॉर्थ ईस्ट में भी उतनी ही अहमियत है। तीसरी लहर से मुकाबले के लिए हमें वैक्सीनेशन की प्रक्रिया तेज़ करते रहना है।
पीएम ने कहा कि हमें कोरोना को लेकर टेस्टिंग और ट्रीटमेंट से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार करते हुए आगे चलना है। इसके लिए हाल ही में कैबिनेट ने 23 हज़ार करोड़ रुपए का एक नया पैकेज भी स्वीकृत किया है। नॉर्थ ईस्ट के हर राज्य को इस पैकेज से अपने हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर को मज़बूत करने में मदद मिलेगी।
